स्थानीय मीना बाजार स्थित धमीजा शिशु वाटिका के प्रांगण में अखिल भारतीय नारी शक्ति संस्था, मंडी डबवाली की ओर से अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में विशेष बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में संस्था से जुड़ी महिलाओं ने एक-दूसरे को महिला दिवस की बधाई दी और समाज में महिलाओं की भूमिका, अधिकारों तथा वर्तमान चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा की।
संस्था की संस्थापिका डा. प्रेमकांता ने उपस्थित महिलाओं को संबोधित करते हुए कहा कि आज के समय में महिलाओं को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक होना बहुत जरूरी है। उन्होंने कहा कि शिक्षित और जागरूक महिला ही परिवार और समाज को सही दिशा दे सकती है, इसलिए हर महिला को आत्मनिर्भर बनने का प्रयास करना चाहिए।
मैडम कंचन हरचंद ने अपने संबोधन में एक प्रेरणादायक घटना का उल्लेख करते हुए बताया कि जब एक महिला को यह कहा गया कि वह जीवन में कुछ नहीं कर सकती, तो उसने उस चुनौती को स्वीकार करते हुए फायर वूमेन बनकर दिखाया और अपनी मेहनत से ऊंचा मुकाम हासिल किया। उन्होंने कहा कि महिलाएं यदि ठान लें तो कोई भी लक्ष्य उनके लिए असंभव नहीं है।
बैठक में उपस्थित अन्य सदस्यों द्वारा भी अपने विचार व्यक्त करते हुए आज समाज में महिलाओं के प्रति बढ़ रही घटनाओं पर चिंता जताई गई तथा नशे के खिलाफ आवाज बुलंद करने का संकल्प लिया गया। सभी महिलाओं ने कहा कि परिवार में बेटियों को अच्छे संस्कार देना बहुत जरूरी है, उन्हें मूल नैतिकता से कभी दूर नहीं होने देना चाहिए और अभिभावकों को चाहिए कि वे बच्चों के साथ अधिक से अधिक समय बिताएं तथा मोबाइल के अत्यधिक उपयोग से बचें।
बैठक में सुरजीत टक्कर, उर्मिल जौड़ा, जिया धमीजा, गीता मेहता, सुनीता शर्मा, संतोष रानी, सविता चौधरी, राजरानी, कृष्णा पुहाल, अमरजीत गिल व सुषमा धमीजा सहित अनेक सदस्य उपस्थित रहे।
