राजस्थान के उदयपुर से शुरू हुई 21 फीट अष्टधातु गदा यात्रा का आज डबवाली पहुंचने पर श्रद्धालुओं ने भव्य स्वागत किया। इस दौरान शहर में आस्था, श्रद्धा और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला। कंचन सेवा संस्थान, उदयपुर (राजस्थान) द्वारा निकाली गई भगवान श्री हनुमान जी की यह पवित्र गदा यात्रा करीब 30 महीनों से पूरे भारत का भ्रमण कर रही है। इस ऐतिहासिक यात्रा के दर्शनों के लिए डबवाली शहर में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी और पूरा वातावरण “जय श्रीराम” व “जय बजरंगबली” के जयकारों से गूंज उठा।
गदा यात्रा का स्वागत शहर के विभिन्न मंदिरों, चौकों और प्रमुख स्थानों पर श्रद्धालुओं ने स्वागत किया और श्रद्धा पूर्वक दर्शन कर माथा टेकते हुए अपने परिवार की सुख-समृद्धि व मंगलकामना की। महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों सहित हर वर्ग के लोगों में इस दिव्य यात्रा को लेकर विशेष उत्साह देखने को मिला। कई स्थानों पर प्रसाद वितरण भी किया गया, जिससे पूरा माहौल भक्तिमय हो गया।
यह गदा अष्टधातु से निर्मित है, जिसमें परंपरागत रूप से सोना, चांदी, तांबा, जस्ता, सीसा, लोहा सहित आठ धातुओं का मिश्रण होता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार अष्टधातु से बनी प्रतिमाएं और धार्मिक प्रतीक अत्यंत पवित्र माने जाते हैं और इनमें सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। यही कारण है कि इस गदा को भगवान हनुमान जी की शक्ति, साहस और अटूट भक्ति का प्रतीक मानते हुए पूरे देश में भ्रमण कराया जा रहा है, ताकि लोगों में धर्म, संस्कृति और नैतिक मूल्यों के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा सके।
गौरतलब है कि इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य उदयपुर में निर्माणाधीन भव्य और ऐतिहासिक हनुमान धाम के लिए जनसमर्थन जुटाना और धार्मिक चेतना का प्रसार करना है। यहां 11 मुखी और लगभग 84 फीट ऊंची भगवान हनुमान जी की विशाल प्रतिमा के निर्माण का कार्य प्रगति पर है, जो पूर्ण होने के बाद देश के प्रमुख धार्मिक स्थलों में शामिल होगी। इस प्रकार के विशाल धार्मिक प्रकल्प न केवल आस्था के केंद्र बनते हैं, बल्कि पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी नई दिशा देते हैं।
इस मौके पर यात्रा के साथ चल रहे प्रबंधक सीता राम शर्मा , माही पालीवाल, कृष्ण लाल ने बताया कि यह विश्व की ऐतिहासिक गदा है जो शुद्ध अष्टधातु से बनी हुई है और जिसका वजन 1001 किलोग्राम से अधिक और लंबाई 21 फीट है। उन्होंने बताया कि यह यात्रा सनातन धर्म के प्रचार और प्रसार के लिए लगभग ढाई वर्ष पहले 2023 में उदयपुर (राजस्थान) से शुरू हुई थी, जो कई राज्यों का भ्रमण करती हुई यहां पहुँची है । पूरे भारत की परिक्रमा करते हुए अयोध्या धाम ले जाकर पूजा-अर्चना की जाएगी। इसके बाद उदयपुर (राजस्थान) हनुमान धाम (मंदिर) में 84 फीट ऊँचे 11 मुखी बजरंग बली की प्रतिमा के हाथों में इस गदा को सुशोभित किया जाएगा।


